बिलासपुर, छत्तीसगढ़ — बिलासपुर जिले से सामने आई एक चौंकाने वाली घटना ने पूरे क्षेत्र में आक्रोश पैदा कर दिया है। रतनपुर थाना के अंदर कथित तौर पर एक फरियादी के साथ मारपीट का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
रिपोर्ट के नाम पर पैसे, फिर कथित मारपीट
पीड़ित विनोद जायसवाल के अनुसार, वह कई दिनों से अपने मामले की जांच रिपोर्ट के लिए थाने के चक्कर लगा रहे थे। आरोप है कि सहायक उप निरीक्षक (ASI) दिनेश तिवारी ने रिपोर्ट तैयार करने के नाम पर उनसे पैसे भी लिए।
लेकिन जब पीड़ित ने पैसे देने के बावजूद काम में देरी को लेकर सवाल किया, तो स्थिति बिगड़ गई। आरोप है कि एएसआई ने गुस्से में आकर फरियादी को 15 से 20 थप्पड़ मार दिए, वह भी थाना परिसर के भीतर।
VIDEO वायरल होते ही मचा हड़कंप
घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला तेजी से फैल गया। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो में कथित तौर पर फरियादी को बार-बार थप्पड़ मारते हुए देखा जा सकता है।
इस घटना ने आम जनता में रोष पैदा कर दिया है और लोग पुलिस की जवाबदेही को लेकर सवाल उठा रहे हैं।
IPS अधिकारी के हस्तक्षेप से थमा मामला
घटना के दौरान प्रशिक्षु आईपीएस अधिकारी अंशिका जैन मौके पर पहुंचीं। उन्होंने तत्काल हस्तक्षेप करते हुए आरोपी एएसआई को फटकार लगाई और स्थिति को नियंत्रण में किया।
हालांकि, तब तक यह मामला पूरे जिले में चर्चा का विषय बन चुका था।
एफआईआर दर्ज, आरोपी एएसआई सस्पेंड
पीड़ित की शिकायत के आधार पर आरोपी एएसआई के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। साथ ही, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) रजनेश सिंह ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एएसआई दिनेश तिवारी को निलंबित कर दिया है।
पुलिस विभाग द्वारा मामले की विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।
क्या सस्पेंशन पर्याप्त है?
इस घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि क्या केवल सस्पेंशन इस मामले में पर्याप्त कार्रवाई है? यदि आरोप सही साबित होते हैं, तो आरोपी के खिलाफ सख्त विभागीय और कानूनी कार्रवाई की मांग तेज हो सकती है।
आगे क्या?
अब सभी की नजरें जांच के नतीजों पर टिकी हैं। क्या इस मामले में उदाहरणात्मक कार्रवाई होगी या यह मामला सिर्फ सस्पेंशन तक सीमित रह जाएगा?
फिलहाल, वायरल वीडियो और बढ़ते जनदबाव के बीच यह मामला पुलिस प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।

Patrika Mungeli is a digital news platform delivering verified, reliable, and timely information across Politics, Society, Youth Affairs, Sports, and Entertainment. Headquartered in Bilaspur, Chhattisgarh, the platform is committed to ethical journalism and factual reporting.
Owned and led by Gautam Kulmitra, Patrika Mungeli continues to strengthen its role as a trusted source of news for its regional and digital audiences.
🌐 www.patrikamungeli.com

